रवि वेंकटेशन बताते हैं कि आंतरिक स्थिरता और युक्तिपूर्ण जागरूकता से किस प्रकार नेतृत्वकर्ता स्पष्टता, सच्चाई या प्रभाव खोए बिना कॉर्पोरेट राजनीति को संभाल पाते हैं।
कॉर्पोरेट राजनीति उन प्रभावशाली ताकतों में से एक है जिनकी चर्चा बहुत कम होती है लेकिन जो हमारे दैनिक कार्य-अनुभव को प्रभावित करती हैं। यह लेख आंतरिक अवस्था-प्रबंधन और प्रभावकारी नेतृत्व के विचारों पर आधारित है। इन्हें पहले ‘हृदयपूर्ण नेतृत्वकर्ता’ और ‘हृदयपूर्ण कार्यनीतिकार’ श्रृंखला में प्रस्तुत किया गया था जिसका उद्देश्य संगठनात्मक राजनीति का प्रबंधन करने के लिए साधन प्रदान करना था।
प्रतिभाशाली और प्रेरित लोग भी अक्सर कुंठित हो जाते हैं - अपनी नौकरी की वजह से नहीं बल्कि अपने आसपास की अदृश्य राजनीतिक धाराओं की वजह से। ये ताकतें तय कर सकती हैं कि विचारों को सुना जाए या नहीं, योगदान को मान दिया जाए या नहीं और कोई प्रेरित महसूस करे या हताश।
लेकिन राजनीति को समझना और राजनीति करना दोनों अलग-अलग बातें है। राजनीति को समझने का अर्थ है अपने आसपास के वातावरण को स्पष्ट रूप से समझना और इस तरह से पेश आना जिसमें समझदारी भी हो और सच्चाई भी।
आंतरिक भावनात्मक स्थिरता और बाह्य परिस्थितियों की जागरूकता के शक्तिशाली संयोजन से नेतृत्वकर्ता बिना अपनी पहचान खोए राजनीति के दाँव-पेंचों को समझते हुए सफलतापूर्वक आगे बढ़ सकते हैं। यह संतुलन हृदय-केंद्रित नेतृत्व के लिए बहुत ज़रूरी है - जहाँ स्पष्टता, समभाव और समानुभूति युक्तिपूर्ण लाभ बन जाते हैं।
1 कॉर्पोरेट राजनीति कोई खेल नहीं है - यह मानवीय व्यवहार का क्षेत्र है
राजनीति को जब हम एक युद्ध के रूप में देखते हैं तब यह घातक हो जाती है। जब हम इसे मानवीय भावनाओं, प्रेरणाओं, डर और आकांक्षाओं के परिदृश्य के रूप में देखते हैं तब इसमें आगे बढ़ पाना आसान होता है।
पेप्सिको की पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी, इंदिरा नूयी, ने एक बार बताया था कि शुरुआत में वे मानती थीं कि सिर्फ़ अच्छा काम ही लोगों को दिखेगा लेकिन जल्दी ही उनका असलियत से सामना हो गया। उन्होंने सीखा कि लोगों, सही समय और दूसरों पर प्रभाव को समझना भी उतना ही ज़रूरी है जितना कि किसी व्यक्ति की योग्यता को।
माइक्रोसॉफ़्ट के सत्य नडेला ने भी अपने नेतृत्व के दृष्टिकोण को बदलकर केवल तर्क के बजाय समानुभूति और दूसरों को समझने के आधार पर नेतृत्व करने का रास्ता अपनाया। वे अक्सर कहते हैं कि दूसरों एवं टीम के लोगों को ध्यान से सुनना और संगठन के भावनात्मक वातावरण को महसूस करना, उनकी व्यावसायिक प्रगति में बहुत महत्वपूर्ण रहा है।
जब आप राजनीति को छल-कपट के बजाय मानवीय व्यवहार के रूप में देखते हैं तब यह कम खतरनाक लगती है।

2 आंतरिक अवस्था - आपका सबसे भरोसेमंद राजनीतिक दिशासूचक
नेतृत्व में आप राजनीतिक क्षणों को कैसे संभालते हैं, उसमें आपकी आंतरिक अवस्था अक्सर सबसे निर्णायक घटक होती है। ये राजनितिक क्षण हैं जब -
- कोई सहकर्मी आपके विचार को कमतर दिखाने की कोशिश करता है।
- कोई फ़ैसला बिना किसी स्पष्टीकरण के बदल जाता है।
- कोई नेतृत्वकर्ता अपनी सोच में अस्थिर होता है।
- कोई साथी अपने कार्यक्षेत्र पर अपना अधिकार जमाने लगता है।
- किसी परियोजना को अचानक समर्थन मिलना बंद हो जाता है।
यदि आपका मन बेचैन या प्रतिक्रियाशील है तो राजनीति से आप अभिभूत हो जाते हैं। यदि आपकी आंतरिक अवस्था स्थिर है तो परिस्थितियाँ ज़्यादा साफ़ व शांत होती हैं और आसानी से सुलझ जाती हैं।
हार्टफुलनेस ध्यान उत्तेजना और प्रत्युत्तर के बीच अंतराल पैदा करके इस स्थिरता को लाने में सहयोग करता है। इससे नेतृत्वकर्ताओं को भावनात्मक उत्तेजकों को जल्दी पहचानने, प्रतिक्रिया को नियंत्रित करने और संतुलन के साथ परिस्थितियों का सामना करने में मदद मिलती है।
एक संतुलित नेतृत्वकर्ता उन बारीक संकेतों को पढ़ लेता है जिन्हें समझने में दूसरे लोग चूक जाते हैं जैसे लहज़ा, इरादा, आपसी रिश्ते, तनाव का स्तर और अनकही चिंताएँ। भावनात्मक रूप से विचलित हुए बिना समझने की यह क्षमता युक्तिपूर्ण सोच के लिए बहुत ज़रूरी है। इसीलिए हार्टफुलनेस अभियान के मार्गदर्शक, दाजी, सही सोच और सही समझ पर ज़ोर देते हैं।
लिंक्डइन के पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जेफ़ वीनर, अक्सर इस बात पर ज़ोर देते थे कि करुणामय प्रबंधन सिर्फ़ नैतिक दृष्टिकोण नहीं है बल्कि कार्यनीतिक दृष्टिकोण है। शांत व भावनात्मक तौर पर जागरूक नेता बेहतर फ़ैसले लेते हैं और ज़्यादा भरोसेमंद होते हैं। कार्यस्थल पर राजनीति से जूझने के लिए आपकी आंतरिक स्थिरता आपका सबसे असरदार प्रतिकारक है।
3संस्कृति और वातावरण को समझना.- काम करने से पहले कार्यक्षेत्र की जानकारी होना
हर संगठन दो स्तरों पर काम करता है -
- संस्कृति - लंबे समय से चले आ रहे नैतिक मूल्य, पहचान और नियम
- वातावरण - मौजूदा भावनात्मक वातावरण और सत्ता में निरंतर होने वाले परिवर्तन
जो नेता राजनीति को अच्छी तरह संभालते हैं, वे इन दोनों बातों को समझते हैं। कार्यस्थल का वातावरण इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह तेज़ी से बदलता है -
- जब पुनर्गठन होता है
- जब नेतृत्व बदलता है
- जब संसाधन कम हो जाते हैं
- जब बड़े उपक्रम चल रहे होते हैं
- जब प्रतिस्पर्धा बढ़ती है
ज़ेरॉक्स कंपनी की पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी, उर्सुला बर्न्स, ने बाद में जाना कि प्रारंभ में उनके मज़बूत व्यक्तित्व को गलत समझा गया था।
उन्होंने वातावरण के अनुरूप खुद को ढाला - अपनी वास्तविकता खोकर नहीं बल्कि अपने आसपास की परिस्थितियों को अधिक गहराई से समझकर। उनका प्रभाव इसलिए नहीं बढ़ा क्योंकि उन्होंने स्वयं को बदला था बल्कि इसलिए बढ़ा क्योंकि उन्होंने सांस्कृतिक और पारिस्थितिक वास्तविकता के अनुरूप अपने काम करने के तरीके को ढाल लिया था।
संस्कृति और वातावरण को समझना कोई राजनीतिक चालबाज़ी नहीं है। यह युक्तिपूर्ण समझ है।

शांत व भावनात्मक तौर पर जागरूक नेता बेहतर फ़ैसले लेते हैं और ज़्यादा भरोसेमंद होते हैं। कार्यस्थल पर राजनीति से जूझने के लिए आपकी आंतरिक स्थिरता आपका सबसे असरदार प्रतिकारक है।
4 परिस्थितिजन्य बुद्धिमत्ता - अदृश्य ताकतों को देखना
राजनीतिक जागरूकता के तहत इन बातों को समझा जाता है -
- असली प्रभाव किसका पड़ता है
- फ़ैसले असल में कैसे लिए जाते हैं
- मुख्य लोगों को क्या प्रेरित करता है
- विरोध कहाँ से आ सकता है
- सही समय क्या है
शेरिल सैंडबर्ग ने एक बार कहा था कि अपने व्यावसायिक जीवन की शुरुआत में उन्होंने सबसे बड़ी गलती यह की थी कि पहले से सहमति लिए बिना विचारों को आगे बढ़ाया। बाद में उन्होंने सीखा कि किसी भी विचार को सीधे प्रस्तुत करने से पहले उन्हें लोगों के साथ साझा करना, चुपचाप उनकी राय लेना और संभावित चिंताओं को पहले से समझ लेना ज़रूरी है।
यह तरीका राजनीतिक बुद्धिमत्ता है - बल प्रयोग के बजाय दूरदर्शिता से मानवीय व्यवस्था को समझने की क्षमता।
5 360° रिश्ते - राजनीति के खिलाफ़ आपका स्वाभाविक प्रतिरोधक
राजनीति से निपटने का सबसे असरदार तरीका है पूरे संगठन में व्यापक और सच्चे रिश्ते बनाना।
विभिन्न टीमों, स्तरों और कार्यों से संबंध रखने वाले नेता के पास होती है -
- अधिक जानकारी
- अधिक समर्थन
- कम कमज़ोरियाँ
- ज़रूरी समय में सहयोगी
- परिवर्तनशीलता की ज़्यादा सटीक समझ
एप्पल कंपनी में टिम कुक का आगे बढ़ना चालाकी पर नहीं बल्कि रिश्तों पर आधारित था। मुख्य कार्यकारी अधिकारी बनने से बहुत पहले उन्होंने इंजीनियरिंग, संचालन, वित्त, रसद, आपूर्तिकर्ताओं और डिज़ाइन के विभागों का भरोसा अर्जित किया। उनके नेतृत्व का प्रभाव इसलिए बढ़ा क्योंकि हर जगह लोग उन पर भरोसा करते थे।
रिश्तों की मज़बूती राजनीतिक टकराव को बहुत कम कर देती है।
6 सहकार्यता प्रभाव को कई गुना बढ़ा देती है
राजनीति अक्सर तब मुश्किल हो जाती है जब नेता खुद को अलग कर लेते हैं, अपनी जगह का बचाव करते हैं या अकेले काम करते हैं। सहकार्यता इस समीकरण को पूरी तरह से बदल देती है।
मिलकर काम करने वाला नेतृत्वकर्ता -
- विरोध कम करता है
- तनाव कम करता है
- अलग-अलग नज़रिए इकट्ठा करता है
- विश्वसनीयता हासिल करता है
- सद्भावना विकसित करता है
- समूह का हिस्सा बनता है न कि उनसे बाहर रहता है
सहकार्यता सिर्फ़ काम करने का तरीका नहीं है, यह एक राजनीतिक कार्यनीति है जो शक्ति के बजाय उदारता द्वारा काम करती है।
राजनीति से निपटने का सबसे असरदार तरीका है पूरे संगठन में व्यापक और सच्चे रिश्ते बनाना।
7 एक व्यावहारिक संरचना - आंतरिक àबाह्यà प्रभाव
संतुलित राजनीतिक साधनों में आंतरिक और बाहरी श्रेष्ठता दोनों शामिल हैं -
आंतरिक श्रेष्ठता
- हार्टफुलनेस ध्यान
- भावनात्मक आत्म-नियंत्रण
- काम करने से पहले स्पष्टता
- प्रतिक्रिया देने से पहले रुकना
- मूल्यों के आधार पर निर्णय लेना
- दूसरों के बारे में राय बनाने के बजाय उन्हें समानुभूति के भाव से समझना
बाहरी श्रेष्ठता -
- संस्कृति और वातावरण को समझना
- हितधारकों को समझना
- शुरुआती तालमेल बनाना
- सही समय चुनना
- प्रोत्साहनों को समझना
- व्यापक व सच्चे रिश्ते बनाना
- नरम लहज़े और हृदय से संवाद करना
जब इन दोनों आयामों को मिलाया जाता है तब राजनीति आसान ही नहीं बल्कि रचनात्मक भी बन जाती है।

8 परिणाम - अपनी पहचान को खोए बिना प्रभाव डालना
जब नेता आंतरिक स्थिरता को बाह्य जागरूकता के साथ मिलाते हैं -
- राजनीति अपनी भावनात्मक धार को खो देती है
- संघर्षों से निपटना आसान हो जाता है
- प्रभाव स्वाभाविक रूप से पैदा होता है
- रिश्ते गहरे होते हैं
- निर्णय ज़्यादा समझदारी भरे होते हैं
- सबकी ज़्यादा भलाई होती है
- काम ज़्यादा अर्थपूर्ण हो जाता है
एकसाथ मिलकर ये परिणाम असल में ऐसे नेतृत्व को दर्शाते हैं जो सच्चे दिल से किया गया हो। यह सच्चे, स्थिर और प्रभावी रहते हुए मुश्किल हालात से निपटने का तरीका है।
आप राजनीति से बचते नहीं हैं बल्कि आप मन की स्पष्टता, हृदय की स्थिरता और कौशलपूर्ण व मानव-केंद्रित नेतृत्व के ज़रिए इससे ऊपर उठते हैं।
आप राजनीति से बचते नहीं हैं बल्कि आप मन की स्पष्टता, हृदय की स्थिरता और कौशलपूर्ण व मानव-केंद्रित नेतृत्व के ज़रिए इससे ऊपर उठते हैं।

रवि वेंकटेशन
रवि एटलांटा में रहने वाले प्रबंधक हैं जो वर्तमान में कैंटालोप में मुख्य कार्यकारी अधिकारी के रूप में कार्य कर रहे हैं। वे प्रस्तुतिऔर पढ़ें
